गजानंद वेगा आओ

आओ गजानंद प्यारा,
बेगा पधारो गणपति जी,
दुन्दाला, सुंडाला,
गजानंन बेगा आओ,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं,
गजानन्द बेगा आओं,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं।

शुभ लाभ थे सबने बाँटों,
भंडारा में थाके काहे को घाटो,
सबसे पहले थाने मनावा गणपति जी,
दुन्दाला, सुंडाला,
गजानंन बेगा आओ,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं,
गजानन्द बेगा आओं,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं।

महिमा निराली देवा थाकि गजानंद,
रिद्धि सिद्धि पति पूर्ण ब्रम्हानंद,
मोदक को थे भोग लगाओ गणपति जी,
दुन्दाला, सुंडाला,
दुन्दाला, सुंडाला,
गजानंन बेगा आओ,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं,
गजानन्द बेगा आओं,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं।

माता पिता छे थाका गौरी शंकर,
ज्यां का गला में सोहे नाग भयंकर,
गंगा ज्यांके सर पे विराजे गणपति जी,
दुन्दाला, सुंडाला,
दुन्दाला, सुंडाला,
गजानंन बेगा आओ,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं,
गजानन्द बेगा आओं,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं।

आओ गजानंद प्यारा,
बेगा पधारो गणपति जी,
दुन्दाला, सुंडाला,
गजानंन बेगा आओ,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं,
गजानन्द बेगा आओं,
साथ रिद्धि सिद्धि ने ल्याओं।

Author: Unknown Claim credit

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

आमलकी एकादशी

शुक्रवार, 27 फरवरी 2026

आमलकी एकादशी
होलिका दहन

मंगलवार, 03 मार्च 2026

होलिका दहन
फाल्गुन पूर्णिमा

मंगलवार, 03 मार्च 2026

फाल्गुन पूर्णिमा
होली

बुधवार, 04 मार्च 2026

होली
पापमोचनी एकादशी

रविवार, 15 मार्च 2026

पापमोचनी एकादशी
चैत्र नवरात्रि

गुरूवार, 19 मार्च 2026

चैत्र नवरात्रि

संग्रह