मईया रानी का दर मिल गया, एक बेघर को घर मिल गया,
एक भटके से राही को, आसरा उम्र भर मिल गया,
मईया रानी का दर मिल गया…..

जिस ने श्रद्धा से माँगा यहाँ, उसको मोह माँगा वर मिल गया,
बेघरों को भी जैसे नया, आशिया चाँद पर मिल गया,
मईया रानी का दर मिल गया…..

किसको देखु तुझे देख कर, सब तू जाने नजर मिल गई,
महारानी की नजर हो गाई, बेहुनर को हुनर मिल गया,
मईया रानी का दर मिल गया….

मिल जाएगी मंजिल हमे, तेरी किर्पा से सब हो गया,
तेरा सुनील मां हुआ निहाल, तेरे दर से ये सिर मिल गया,
मईया रानी का दर मिल गया…..

Author: Unknown Claim credit

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

पापमोचनी एकादशी

रविवार, 15 मार्च 2026

पापमोचनी एकादशी
चैत्र नवरात्रि

गुरूवार, 19 मार्च 2026

चैत्र नवरात्रि
गुड़ी पड़वा

गुरूवार, 19 मार्च 2026

गुड़ी पड़वा
उगादी

गुरूवार, 19 मार्च 2026

उगादी
चेटी चंड

शुक्रवार, 20 मार्च 2026

चेटी चंड
राम नवमी

गुरूवार, 26 मार्च 2026

राम नवमी

संग्रह