भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
डमरू वाले को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
मिट जाएंगे दुःख सारे मिट जाएंगे……..

शीश भोले के गंगा विराजे,
गंगा विराजे हाँ जी गंगा विराजे,
जरा गोता लगा कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

गले भोले के सर्पो की माला,
सर्पो की माला हाँ जी सर्पो की माला,
जरा दूध पिला कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

हाथ भोले के डमरू विराजे,
डमरू विराजे हाँ जी डमरू विराजे,
जरा डमरू बजा कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

अंग भोले के भस्म रमी है,
भस्म रमी है हाँ जी भस्म रमी है,
मृगछाला पहना कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

पैर भोले के खडाऊ विराजे,
खडाऊ विराजे हाँ जी खडाऊ विराजे,
जरा घुंघरू पहना कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
डमरू वाले को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
मिट जाएंगे दुःख सारे मिट जाएंगे……..

शीश भोले के गंगा विराजे,
गंगा विराजे हाँ जी गंगा विराजे,
जरा गोता लगा कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

गले भोले के सर्पो की माला,
सर्पो की माला हाँ जी सर्पो की माला,
जरा दूध पिला कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

हाथ भोले के डमरू विराजे,
डमरू विराजे हाँ जी डमरू विराजे,
जरा डमरू बजा कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

अंग भोले के भस्म रमी है,
भस्म रमी है हाँ जी भस्म रमी है,
मृगछाला पहना कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

पैर भोले के खडाऊ विराजे,
खडाऊ विराजे हाँ जी खडाऊ विराजे,
जरा घुंघरू पहना कर देख दुःख सारे मिट जाएंगे,
भोले बाबा को मनाकर देख दुःख सारे मिट जाएंगे……..

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

कामदा एकादशी

शुक्रवार, 19 अप्रैल 2024

कामदा एकादशी
महावीर जन्म कल्याणक

रविवार, 21 अप्रैल 2024

महावीर जन्म कल्याणक
हनुमान जयंती

मंगलवार, 23 अप्रैल 2024

हनुमान जयंती
चैत्र पूर्णिमा

मंगलवार, 23 अप्रैल 2024

चैत्र पूर्णिमा
संकष्टी चतुर्थी

शनिवार, 27 अप्रैल 2024

संकष्टी चतुर्थी
वरुथिनी एकादशी

शनिवार, 04 मई 2024

वरुथिनी एकादशी

संग्रह