मैं सूती रेह गई जी गूर जी मैं करमा दी मारी

मैं सूती रेह गई जी गूर जी मैं करमा दी मारी
कोई वपारी भेज देयो जिस नु नींद वेचदा सारी,
मैं सूती रेह गई जी गूर जी मैं करमा दी मारी

एह सिमरन ते बैन न देवे
नाम तुहाडा लैना न देवे मैं सोच सोच के हारी
मैं सूती रेह गई जी गूर जी मैं करमा दी मारी

आखन वेले सूबाअ सवेरे
एह अखा विच रेह्न्दी मेरे बन गई वैरण भारी
मैं सूती रेह गई जी गूर जी मैं करमा दी मारी

हर वेले मैं एहो चाहवा
जद वी तेरा दर्शन पावा सूरत वसदे प्यारी
मैं सूती रेह गई जी गूर जी मैं करमा दी मारी

Author: Unknown Claim credit

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

अश्विन पूर्णिमा

सोमवार, 26 अक्टूबर 2026

अश्विन पूर्णिमा
करवा चौथ

गुरूवार, 29 अक्टूबर 2026

करवा चौथ
धनतेरस

शुक्रवार, 06 नवम्बर 2026

धनतेरस
दीपावली

रविवार, 08 नवम्बर 2026

दीपावली

संग्रह