हिंदी भजन लिरिक्स के साथ भक्ति में डूबें! सभी देवी-देवताओं के मधुर भजन, आरती और स्तुतियाँ BhaktiRas.in पर। आत्मिक शांति पाएं।

वाह गुरु

वाह गुरु

वाह गुरु की वडियाईयाँ तेरियां, मेरे सतगुरु जी ओ,की वडियाईयाँ तेरियां, मेरे सतगुरु जी ओ, पीरा दा महापीर तू हैं,फ़क़रा अव्वल फ़कीर तू है,हाँसा वी तू, नीर तू है,रूह दा असल शरीर तू है,सब बहणा...

कौन जाने गुण तेरे

कौन जाने गुण तेरे

कौन जाने गुण तेरे तेरे गुण बहुते, मैं एक ना जाणिया,मैं मुर्ख किछ दीजै,धन नानक, सुण मेरे साहिबा,दुबदा पत्थर लीजै, कौन जाने गुण तेरे,कौन जाने गुण तेरे,ऊंचे अपार बेअंत स्वामी,ऊंचे अपार बेअंत स्वामी,कौन जाने गुण...

हे गुरुदेव आपको क्या दूँ

हे गुरुदेव आपको क्या दूँ

हे गुरुदेव आपको क्या दूँ गुरु गोविन्द एक ही रूप सदा, नहिं द्वैत का नाम निसान रहा,गुरु रूप से मार्ग दिखाय दिया, और गोविन्द रूप हिय में बसा,सुख मूल सदा भरपूर भरा, नहि अस्त उदय...

गुरु मेरी पूजा

गुरु मेरी पूजा

गुरु मेरी पूजा गुरु मेरी पूजा, गुरु गोबिंद,गुरु मेरा पारब्रह्म, गुरु भगवंत॥ गुरु मेरा देव, अलख अभेव,सरब पूज्य, चरण गुरु सेवू,गुरु मेरी पूजा, गुरु गोबिंद…….. गुरु बिन अवर, नहीं मैं थाओअन दिन जपो, गुरु गुरु...

विद्या का जो दान दे

विद्या का जो दान दे

विद्या का जो दान दे विद्या का जो दान दे ऐसा,विद्या का जो दान दे ऐसा,मानव है भगवान,मानव है भगवान,इसी लिए कहते हैं गोविन्द से,हे गुरु महान,हे गुरु महान ॥ सदविचार सद्कर्म की प्रेरणा,गुरु से...

तो गुरु ज्ञान क्या करे

तो गुरु ज्ञान क्या करे

तो गुरु ज्ञान क्या करे जिसको नही है बोध,तो गुरु ज्ञान क्या करे।।निज रूप को जाना नहीं,तो पुराण क्या करे।। घट घट में ब्रह्मज्योत का,प्रकाश हो रहा।मिटा ना द्वैतभाव तो,फिर ध्यान क्या करे॥जिसको नही है...

गुरुदेव तुम्हारे चरणों में हम शीष झुकाने आये हैं

गुरुदेव तुम्हारे चरणों में हम शीष झुकाने आये हैं

गुरुदेव तुम्हारे चरणों में हम शीष झुकाने आये हैं गुरुदेव तुम्हारे चरणों में,हम शीष झुकाने आये हैं,उठो संभालो अपनालो,हम बिगड़ी बनाने आये हैं॥गुरुदेव तुम्हारे चरणों में,हम शीष झुकाने आये हैं…. सुनते हैं कामिल मुरशिद बिना,जिन्दगी...

गुरु जी म्हाने ज्ञान बतायो रे

गुरु जी म्हाने ज्ञान बतायो रे

गुरु जी म्हाने ज्ञान बतायो रे गुरु जी म्हाने ज्ञान बतायो रे,जग झूठ लखायो रे,जग झूठ लखायो रे,म्हाने नेछो आयो रे। गुरुजी रैण अंधारी जी,रजु सर्प निहारी रे,रजु सर्प निहारी जी,भय लागो भारी रे।।गुरु जी...

आगामी उपवास और त्यौहार

माघ पूर्णिमा

रविवार, 01 फरवरी 2026

माघ पूर्णिमा
विजया एकादशी

शुक्रवार, 13 फरवरी 2026

विजया एकादशी
आमलकी एकादशी

शुक्रवार, 27 फरवरी 2026

आमलकी एकादशी
होलिका दहन

मंगलवार, 03 मार्च 2026

होलिका दहन
फाल्गुन पूर्णिमा

मंगलवार, 03 मार्च 2026

फाल्गुन पूर्णिमा
होली

बुधवार, 04 मार्च 2026

होली

संग्रह