मैं महलों की रहने वाली तू है भोले पर्वत वासी

तेरा मेरा मेल मिले ना क्या करना इस जोड़ी का,
नाथ तेरा नंदी पे चाले, तने चस्का घोड़ा गाड़ी का……

मैं महलों की रहने वाली, तू है भोले पर्वत वासी,
तेरा मेरा यूं मेल नहीं, सुनले शिव भोले कैलाशी,
ओ गोरा तू ध्यान लगा अपने भोले भंडारी का,
नाथ तेरा नंदी पे चाले, तने चस्का घोड़ा गाड़ी का……

सुनले गोरा तू बात मेरी क्यों अपनी जिद पर तू है अड़ी,
बातें करती है बड़ी-बड़ी तू जल्दी घोट दे भांग मेरी,
नखरा प्यारा लगता मुझको अपनी गोरा प्यारी का,
नाथ तेरा नंदी पे चाले, तने चस्का घोड़ा गाड़ी का……

ना घोटू भोले भांग तेरी मैं अपने पीहर चाल पड़ी,
1 दिन घोटी 2 दिन घोटी, मैं घोटत घोटत हारी गई,
ना जइयो गोरा छोड़ मने, तू छोड़ दे चस्का पीहर का,
नाथ तेरा नंदी पे चाले, तने चस्का घोड़ा गाड़ी का……

Author: Unknown Claim credit

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

पापमोचनी एकादशी

रविवार, 15 मार्च 2026

पापमोचनी एकादशी
चैत्र नवरात्रि

गुरूवार, 19 मार्च 2026

चैत्र नवरात्रि
गुड़ी पड़वा

गुरूवार, 19 मार्च 2026

गुड़ी पड़वा
उगादी

गुरूवार, 19 मार्च 2026

उगादी
चेटी चंड

शुक्रवार, 20 मार्च 2026

चेटी चंड
राम नवमी

गुरूवार, 26 मार्च 2026

राम नवमी

संग्रह