दशा मुझ दीन की भगवन

दशा मुझ दीन की भगवन सम्हालोगे तो क्या होगा,
अगर चरणों की सेवा में लगा लोगे तो क्या होगा,

नामी पातकी हूँ मैं और नामी पापहर तुम हो,
जो लज्जा दोनों कि बचा लोगे तो क्या होगा,

जिन्होंने तुमको करुणाकर पतितपावन बनाया है,
उन्हीं पतितों को तुम पावन बना लोगे तो क्या होगा,

यहाँ सब मुझसे कहते हैं तू मेरा तू मेरा है,
मैं किसका हूँ ये झगड़ा तुम मिटा दोगे तो क्या होगा,

अजामिल गिद्ध गणिका जिस दया गंगा से तरते हैं,
उसी में ‘बिन्दु’ सा पापी मिला लोगे तो क्या होगा,

Author: Unknown Claim credit

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

वैशाखी पूर्णिमा

शुक्रवार, 01 मई 2026

वैशाखी पूर्णिमा
अपरा एकादशी

बुधवार, 13 मई 2026

अपरा एकादशी
शनि जयंती

शनिवार, 16 मई 2026

शनि जयंती
निर्जला एकादशी

गुरूवार, 25 जून 2026

निर्जला एकादशी
ज्येष्ठ पूर्णिमा

सोमवार, 29 जून 2026

ज्येष्ठ पूर्णिमा
योगिनी एकादशी

शुक्रवार, 10 जुलाई 2026

योगिनी एकादशी

संग्रह