लगन तुमसे लगा बैठे

लगन तुमसे लगा बैठे

तुम्हे अपने बना बैठे,
तुम्हे अपने बना बैठे ।

लगन तुमसे लगा बैठे,
जो होगा देखा जाएगा ।

कभी दुनिया से डरते थे,
के छुप छुप याद करते थे ।

लो अब परदा उठा बैठे,
जो होगा देखा जाएगा ।

लगन तुमसे लगा बैठे,
जो होगा देखा जाएगा ।

कभी यह ख्याल था दुनिया,
हमें बदनाम कर देगी ।

शर्म अब बेच खा बैठे,
जो होगा देखा जाएगा ।

लगन तुमसे लगा बैठे,
जो होगा देखा जाएगा ।

दीवाने बन गए तेरे,
तो फिर दुनिया से क्या लेना ।

तेरी चरणों में आ बैठे,
जो होगा देखा जाएगा ।

तुम्हे अपने बना बैठे,
तुम्हे अपने बना बैठे ।

लगन तुमसे लगा बैठे,
जो होगा देखा जाएगा ।

Author: Unknown Claim credit

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

वैशाखी पूर्णिमा

शुक्रवार, 01 मई 2026

वैशाखी पूर्णिमा
अपरा एकादशी

बुधवार, 13 मई 2026

अपरा एकादशी
शनि जयंती

शनिवार, 16 मई 2026

शनि जयंती
निर्जला एकादशी

गुरूवार, 25 जून 2026

निर्जला एकादशी
ज्येष्ठ पूर्णिमा

सोमवार, 29 जून 2026

ज्येष्ठ पूर्णिमा
योगिनी एकादशी

शुक्रवार, 10 जुलाई 2026

योगिनी एकादशी

संग्रह