पर्वतों का घेरा है
जैसे चांद तारों में ऐसे मेरी मैया जी का डेरा है,
मेरी मैया जी का डेरा है, मेरी मैया जी का डेरा है,
पर्वतों का घेरा है……

छाई हरियाली है….-2
मैया जी के मंदिर की कैसी शान निराली है,
कैसी शान निराली है, कैसी शान निराली है,
पर्वतों का घेरा है…..

लंम्बी लम्बी कतारे है….-2
मैया जी के दर्शन को सारे हाथ पसारे है,
सारे हाथ पसारे है, सारे हाथ पसारे है,
पर्वतों का घेरा है…..

माँ के चरणों मे रहते है….-2
सारे तारे गिन गिन के जय माता दी कहते है,
जय माता दी कहते है, जय माता दी कहते है,
पर्वतों का घेरा है…..

ऐसी मेरी मईया है….-2
हर लेती दुख लखेया करे सुख की छईयाँ है,
करे सुख की छईयाँ है, करे सुख की छईयाँ है,
पर्वतों का घेरा है…..

Author: Unknown Claim credit

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

निर्जला एकादशी

गुरूवार, 25 जून 2026

निर्जला एकादशी
ज्येष्ठ पूर्णिमा

सोमवार, 29 जून 2026

ज्येष्ठ पूर्णिमा
योगिनी एकादशी

शुक्रवार, 10 जुलाई 2026

योगिनी एकादशी
देवशयनी एकादशी

शनिवार, 25 जुलाई 2026

देवशयनी एकादशी
गुरु पूर्णिमा

बुधवार, 29 जुलाई 2026

गुरु पूर्णिमा
आषाढ़ पूर्णिमा

बुधवार, 29 जुलाई 2026

आषाढ़ पूर्णिमा

संग्रह