आना मदन गोपाला दिल्ली वालों की गलियां,
दिल्ली वालों की सारे भक्तों की गलियां,
आना नंद जी के लाला दिल्ली वालों की गलियां……

देख कान्हा तेरे लिए मुकुट मंगाया,
मुकुट मंगाया मोर पंखों से सजाया,
सज-धज पहर दिखाना सारे भक्तों के अंगना,
आना मदन गोपाला दिल्ली वालों की गलियां……

देख कान्हा तेरे लिए माखन बनाया,
माखन बनाया मैंने मटकी में भराया,
रुचि रुचि भोग लगाना सारे भक्तों के अंगना,
आना मदन गोपाला दिल्ली वालों की गलियां…….

देख कान्हा तेरे लिए बांसुरी मंगाई,
बांसुरी मंगाई हीरे मोती से सजाई,
मीठी तान सुनाना सारे भक्तों के अंगना,
आना मदन गोपाला दिल्ली वालों की गलियां……

देख मैंने तेरे लिए पायल मंगाई,
पायल मंगाई मैंने घुंघरू से सजाई,
छम छम नाच के दिखाना सारे भक्तों के अंगना,
आना मदन गोपाला दिल्ली वालों की गलियां……

तेरे लिए कान्हा मैंने गोपियां बुलाई,
गोपियां बुलाई राधा रानी भी है आई,
आकर रास रचाना सारे भक्तों के अंगना,
आना मदन गोपाला दिल्ली वालों की गलियां……

तेरे लिए कान्हा मैंने सारा जग छोड़ा,
सारा जग छोड़ा मैंने तुझ से नाता जोड़ा,
आके दरस दिखाना सारे भक्तों के अंगना,
आना मदन गोपाला दिल्ली वालों की गलियां……

Comments

संबंधित लेख

आगामी उपवास और त्यौहार

मंगला गौरी व्रत

मंगलवार, 23 जुलाई 2024

मंगला गौरी व्रत
संकष्टी चतुर्थी

बुधवार, 24 जुलाई 2024

संकष्टी चतुर्थी
कामिका एकादशी

बुधवार, 31 जुलाई 2024

कामिका एकादशी
मासिक शिवरात्रि

शुक्रवार, 02 अगस्त 2024

मासिक शिवरात्रि
हरियाली तीज

बुधवार, 07 अगस्त 2024

हरियाली तीज
नाग पंचमी

शुक्रवार, 09 अगस्त 2024

नाग पंचमी

संग्रह